
रायपुर, कुणाल सिंह ठाकुर। छत्तीसगढ़ राज्य में वन क्षेत्रों में अवैध शिकार की रोकथाम के लिए वन मंत्री केदार कश्यप के निर्देशानुसार तथा प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) के मार्गदर्शन में जंगलों में नियमित पेट्रोलिंग और जांच की जा रही है। इसके तहत पूरे राज्य में वन विभाग की टीमें लगातार सतर्क रहकर कार्रवाई कर रही हैं।गरियाबंद क्षेत्र में वन विभाग को प्राप्त गोपनीय सूचना के आधार पर 01 जनवरी को परिक्षेत्र परसुली अंतर्गत ग्राम कोपेकसा में बड़ी कार्रवाई की गई। सर्च वारंट के तहत सहायक वन संरक्षक नदीम कृष्णा बरिहा, आर.के. साहू एवं शिव प्रसाद ध्रुव के संयुक्त नेतृत्व में ग्रामीण नंदू, पिता महेतर ध्रुव के निवास स्थान पर छापामार कार्रवाई की गई। तलाशी के दौरान आरोपी के घर से भारी मात्रा में वन्यजीव का कच्चा तथा पका हुआ मांस बरामद किया गया। इसके साथ ही एक लाइसेंसी भरमार बंदूक, एक एयर गन तथा अन्य हथियार भी जब्त किए गए। बरामद मांस के नमूनों को जांच हेतु भेज दिया गया है। वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत आरोपी के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उल्लेखनीय है कि हाल ही में राज्य में अवैध शिकार की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए वन मंत्री केदार कश्यप द्वारा वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ लगातार बैठकें की गई हैं तथा अवैध शिकार पर सख्त कार्रवाई के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। इन निर्देशों के फलस्वरूप प्रदेश भर में छापामार कार्रवाईयाँ की जा रही हैं, जिनके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं।छापामार कार्रवाई के साथ-साथ वन विभाग द्वारा स्थानीय लोगों को जागरूक करने के लिए निरंतर अभियान भी चलाए जा रहे हैं। इन अभियानों के माध्यम से वन एवं वन्यजीवों के संरक्षण का महत्व तथा अवैध शिकार करने पर होने वाले कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी जा रही है, ताकि लोग वन्य प्राणी के शिकार जैसे कृत्यों से दूर रहें और वन एवं वन्यजीवों की सुरक्षा में सहयोग करें।
