मुंगेली, कुणाल सिंह ठाकुर। कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) मुख्यालय के निर्देश पर जिले में मानकविहीन एवं नियमों का उल्लंघन कर संचालित सीएससी केंद्रों के खिलाफ जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। जांच के दौरान निर्धारित मापदंडों पर खरे नहीं उतरने वाले 77 सीएससी संचालकों की आईडी तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दी गई है, जिससे जिले के सीएससी संचालकों में हड़कंप मच गया है।जिला प्रशासन एवं सीएससी जिला कार्यालय द्वारा लंबे समय से केंद्रों की कार्यप्रणाली पर नजर रखी जा रही थी। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि कई केंद्र बिना स्थायी कार्यालय के संचालित हो रहे थे। इसके अलावा कई केंद्रों में न तो अनिवार्य कॉमन ब्रांडिंग थी और न ही सरकार द्वारा निर्धारित रेट चार्ट प्रदर्शित किया गया था।

जांच में मिली प्रमुख अनियमितताएं

जांच के दौरान खुलासा हुआ कि कई सीएससी केंद्रों में स्थायी कार्यालय नहीं थाकॉमन ब्रांडिंग व अधिकृत बैनर का अभावरेट चार्ट प्रदर्शित नहीं किया गया। सीएससी आईडी के अलावा अन्य माध्यमों से लेनदेनसुरक्षा मानकों की अनदेखी किया।

जिला प्रशासन व सीएससी कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में केवल वही सीएससी केंद्र संचालित किए जाएंगे जो सभी निर्धारित शर्तों का पूर्ण रूप से पालन करेंगे। प्रत्येक केंद्र का एक निश्चित एवं स्थायी स्थान होना अनिवार्य होगा।कॉमन ब्रांडिंग केवल लटकाने या चिपकाने से मान्य नहीं होगी, बल्कि उसे फ्रेम कर सही तरीके से प्रदर्शित करना होगा। केंद्र में स्टेट लोगो, सीएससी आईडी एवं अधिकृत बैनर स्पष्ट रूप से लगे होने चाहिए।साथ ही पारदर्शिता बनाए रखने के लिए प्रत्येक केंद्र पर शासन द्वारा निर्धारित रेट चार्ट प्रमुखता से प्रदर्शित करना अनिवार्य किया गया है। सुरक्षा मानकों के तहत सभी वीएलई (VLE) का पुलिस वेरिफिकेशन भी आवश्यक बताया गया है।

बंद आईडी कैसे होंगी पुनः चालू

जिन संचालकों की सीएससी आईडी बंद की गई है, उन्हें निर्देशित किया गया है कि वे सभी आवश्यक मानकों को पूरा कर प्रमाणों के साथ जिला सीएससी प्रबंधक से तत्काल संपर्क करें। सभी दस्तावेजों के सत्यापन के बाद ही आईडी पुनः चालू की जाएगी। जिला प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि आगे भी नियमों की अनदेखी करने वाले सीएससी केंद्रों पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।

By Kunaal Singh Thakur

KUNAL SINGH THAKUR HEAD (प्रधान संपादक)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !! You are not allowed to copy this page, Try anywhere else.